my Singapore journey – hindi story

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मैं यहां पर अपना नाम नही लिख सकती क्योकि यहां पर कुछ बाते मैं अपनी share कर रही हुँ।जो शायद कोई लडकी अपने मुंह से ना बता पाए। मैं पंजाब के एक गांव मे रहने वाली हुँ। अब मै Singapore मे रहती हुँ। बचपन से जवानी तक हर पंजाबी लडकी का यह सपना होता है कि वह विदेश मे जाकर बस हो जाए पर कभी कभी यह बहुत दुखदायी भी होता है। मेरे घर वाले भी शुरू से यह ही चाहते थे कि उनकी लडकी विदेश मे जाकर खुश रहे। तब मेरी उमर 21 साल हो चुकी थी लगभग मेरी सारी सहेलियो की शादी विदेश मे हो गई थी या कुछ वैसी ही विदेश मे जा चुकी थी। हमारा परिवार कोई अमीर परिवार नही था बस कुछ पशु रखे थे और थोडी सी जमीन थी हमारा परिवार का खच॔ आसानी से चलता था बस कोई यह कह सकता है जो साधारण परिवार की जरूरते होती है वह पुरी हो जाती थी।

यहा पर और आमदनी के लिए मैं beauty parlour चलाती थी जिससे मैं अपना खचा॔ आसानी से पुरा कर पाती थी। हमारे गांव मे ज्यादातर लोग विदेश मे गए हुए थे कोई न कोई N.R.I आ ही जाती थी मेरी सहेली की मास्सी भी आई हुई थी उसने मुझे अपने साथ ले जाने की बात की और बताया कि Singapore मे तो beauticians का बहुत काम है वहा पर बहुत पैसा कमाएगी। मैने भी हा कर दी क्योकि कोई और रास्ता दिखायी नही दे रहा था पर मेरे भाई ने इसके लिए मना कर दिया पर मैने फिर भी जिद कर के सबको मना लिया फिर कुछ दिन बाद ही उन्होने वहा जाते ही मुझे visa paper भेज दिए।मुझे भी बाहर जाने की जल्दी थी मैने भी जल्दी जल्दी उन पर विश्वास कर बाहर चली गई। बाहर पहुचते ही वो मुझे Airport लेने आए। सब कुछ एक सपने की तरह था सब कुछ नया नया लग रहा था ऊची ऊची इमारते वहा पर सब लोग English मे बात करते थे मुझे कुछ शम॔ भी आती थी क्योकि मुझे English बिलकुल नही आती थी

चलो एक दो हफते एेसे ही निकले कुछ देर बाद जो Aunti मुझे अपने साथ लेकर गई थी उसने मुझे घर का सारा काम करने को दे दिया और कहा अबसे घर का सारा काम तुम करोगी मैने भी हा कर दी क्योकि मैं उनके एहसान मे दबी हुई थी। मुझे इसमे कुछ गलत काम भी नही लगा फिर भी मैं खुश थी। मेरा भी मन वहा लग गया था काम करना मुझे गलत नही लगता था फिर दो तीन महीने बाद Aunti ने मुझे कहा तुम्हे यहा रखना हमे महंगा पड रहा है तुम्हे और भी काम करना होगा तुम्हे मैं यहा पर beauty parlour खोल कर देती हुँ। मैने भी हा कर दी पर शायद यह मेरा सबसे गलत decision था। कुछ दिन बाद हमारे parlour मे ladies आनी शुरू हो गई कुछ customer body massage के भी थे। मैने अपनी Aunti को कहा मुझे यह काम अच्छा नही लग रहा फिर उसने कहा तू India मे भी तो यह काम करती थी यहा क्या problem है। यहा तो यह काम करना ही होगा मैने कहा मैने India मे कभी massage नही की थी यहा पर तो male customer भी आते है। Aunti ने मुझे समझाया यह profession है इसमे कुछ भी male/female नही होता मैं India वापस नही जाना चाहती थी क्योकि यह सबसे बडी बदनामी होती कि लडकी वहा पर काम न कर सकी फिर मैंने होसला रखा और काम जारी रखा। massage के दोरान कुछ लडके भी आने लगे जो massage के वक्त गलत इशारे करते कभी कभी मुझसे गलत बाते करते फिर भी मै चुप कर जाती।

मुझे पहले नही पता था कि यह सब होने वाला है। मै किसी को complaint भी नही कर सकती थी क्योकि मैं वहा illegal तरीके से रह रही थी इसलिए मैं सब कुछ सह रही थी तब हमारा parlour काफी चल पडा क्योकि यहा पर हर वो काम शुरू हो गए थे जो गलत लोगो की पहली पसंद थे मैं अंदर से बहुत दुखी थी पर अपने दिल को यह कह कर तस्ली दे रही थी कि शायद कोई तो आयेगा जो मुझे यहा से बचा लेगा पता नही क्यो मेरा यह विश्वास टुट नही रहा था एक दिन एक लडका massage के लिए आया जो Indian था massage के बाद उसने मेरा India वाला नाम से बुलाया मैं शमिदा॔ हो गई तो मैंने पुछा आप कौन है उसने मुझे बताया कि वह हमारे साथ वाले गांव से है। मैंने उसे कहा please India मे न पता चले कि मैं यहा यह काम करती हुँ। घर वालो को बहुत दुख होगा उसने फिर मुझसे कहा कि फिर यह काम तुम छोड क्यो नही देती फिर मैने कहा कि मैं अगर India वापस गई तो लोग मुझसे तरह तरह की बाते पुछेगे और मैं लोगो को जवाब न दे पाऊगी। फिर मैंने अपनी सारी कहानी उसे बतायी और उसे बताया कि अब ज्यादा समय नही है।

एक साल तक मैं यहा पक्की हो जाऊगी फिर कोई साधारण काम ढुंढ लुगी। उसने कहा यहा उसका Restaurant है। क्या तुम हमारे यहा काम करोगी मैंने झट से हा कर दी क्योकि मेरी life तो पहले ही बवाद॔ हो चुकी थी अब और इससे ज्यादा क्या हो सकता था। मैंने उनके यहा काम शुरू कर दिया यहा आमदनी पहले से काफी कम थी पर सिर तो नही झुकता था किसी के आगे। मैंने वहा पर काम बडी मेहनत के साथ किया। जो वहा पर मुझे लेकर आए थे वो मुझे प्यार करने लगे थे पर मेरा तो प्यार से विश्वास ही उठ गया था मुझे हर तरफ वो ही काम नजर आते थे जो मैं छोड कर आई थी। शायद इसलिए मुझे उनके प्यार का एहसास नही हो पा रहा था। मैने कई बार उनसे दुर होने की कोशीश की पर पता नही वो क्या था जो मुझे फिर उनके पास ले जाने के लिए मजबुर कर देता एक बार उन्होने मुझे छुने की कोशीश की मैने कहा हां यही तो शायद आप चाहते थे। उन्होने अपना हाथ दुर कर लिया और मुझे कहा कि वह मुझसे शादी करना चाहते है। मैने समझा यह मुझसे मजाक कर रहे है जो मेरा सारा past जानने के बाद भी मुझे शादी के लिए कह रहे है। मैंने न कर दी और कहा नौकर और मालीक के बीच शादी कैसे हो सकती है। तब अगले दिन ही उन्होने वह अपना restaurant मेरे नाम कर दिया और कहा अब तुम नौकर नही मालकिन हो तब पहली बार मुझे उनके प्यार का एहसास हुआ उसके बाद हम एक दुसरे के बहुत नजदिक आ गए और हमारी शादी हो गई। अब हम दोनो बहुत खुश है। मैं यहा सब लडकियो से यह ही कहूंगी चलो मेरी किस्मत मे जो था वह तो मुझे मिला पर कभी भी आप विदेश जाने के लिए अपनी इज्जत न दाव पर लगा दे।